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समाज - विकिपीडिया

hi.wikipedia.org/wiki/समाज

समाज एक से अधिक लोगों के समुदाय को क...

समाज - cofmow

www.cofmow.gov.in/hindi/Samaj.html

किन्‍तु वास्‍तविक रुप से समाज मानव समूह के अन्‍तर्गत व्यक्तियों के सम्‍बंधों की व्यवस्‍था का नाम है । समाज स्‍वयं एक संघ है संगठन है, औपचारिक सम्‍बंधों का योग है । समाज के प्रमुख स्‍तम्‍भ स्त्री और पुरुष हैं । स्त्री और पुरुष का प्रथम सम्‍बंध पति और ...

बहुभुजों की गाथा - समाज के स्वरूप पर एक ... - Nicky Case

ncase.me/polygons-hi/

निर्दोष चयनों से उत्पन होने वाले हानिकारक समाज पे एक संवादात्मक लेख।

Akhand Jyoti Mar 1968 व्यक्ति का समाज के प्रति दायित्व

literature.awgp.org/akhandjyoti/edition/1968/Mar/11

समाज एक सम्पूर्ण शरीर है और हम सब उसके अंग अवयव हैं। जिस प्रकार शरीर का अस्तित्व अंगों के सहयोग पर निर्भर है, उसी प्रकार सम्पूर्ण शरीर की सहायता से अंग और अवयव भी स्वस्थ रहते हैं। यह दोनों अन्योन्याश्रित हैं। पारस्परिक सहयोग के अभाव में इन ...

प्रार्थना समाज - भारतकोश, ज्ञान का हिन्दी महासागर

bharatdiscovery.org/india/प्रार्थना_समाज

प्रार्थना समाज की स्थापना वर्ष 1867 ई. में बम्बई में आचार्य केशवचन्द्र सेन की प्रेरणा से महादेव गोविन्द रानाडे, डॉ. आत्माराम पांडुरंग, चन्द्रावरकर आदि द्वारा की गई थी। जी.आर. भण्डारकर प्रार्थना समाज के अग्रणी नेता थे। प्रार्थना समाज का ...

ब्रह्मसमाज - भारतकोश, ज्ञान का हिन्दी महासागर

bharatdiscovery.org/india/ब्रह्मसमाज

इसका मुख्य उद्देश्य तत्कालीन हिन्दू समाज में व्याप्त बुराईयों, जैसे- सती प्रथा, बहुविवाह, वेश्यागमन, जातिवाद, अस्पृश्यता आदि को समाप्त करना। राजा राममोहन राय को भारतीय पुनर्जागरण का पिता माना जाता है। राजा राममोहन राय पहले भारतीय ...

eGyankosh: MSW-001 समाज कार्य का उद्गम और विकास

www.egyankosh.ac.in/handle/123456789/39488

MSW-001 समाज कार्य का उद्गम और विकास : [17]. Collection home page ... Unit-3 प्रशांत एशिया में समाज कार्य का इतिहास-I · Unit-4 प्रशांत एशिया में समाज कार्य का ... Unit-9 व्यावसायिक समाज कार्य के मूल्य सिद्धांत और नौतिकताएं · Unit-10 समाज कार्य की ...

ऐसे होगा सुंदर और मजबूत समाज का ... - Navbharat Times

navbharattimes.indiatimes.com/astro/holy-discourse/religious-discourse/pravachan-by-sri-anandmurthi/articleshow/44913997.cms

25 अक्तू 2014 ... ऐसे होगा सुंदर और मजबूत समाज का निर्माण कोई भी सभ्य समाज तुरत फुरत खड़ा नहीं हो जाता। उदाहरण के लिए खाना तो सभी खाते हैं, लेकिन जब कोई व्यक्ति अपने...

बेहतर समाज के लिए सबको सोचना होगा, सिर्फ बातें ...

hindi.yourstory.com/read/e0cf1e1b3c/everyone-will-think-better-for-society-not-just-things-would-work-anshu-gupta

19 अक्तू 2015 ... भारत में तेजी से आर्थिक और राजनीतिक बदलाव हो रहे हैं। जब आर्थिक और राजनीतिक बदलाव होते हैं तो उसका सीधा असर समाज पर पड़ता है और ऐसे में सामाजिक संरचनाएं टूटती हैं। संरचनाओं के टूटने का असर लोगों की मानसिकता पर गहरा पड़ता ...

सुखी समाज के लिए दुख की ईंटें हटाकर सुख की ... - Osho

www.osho.com/hi/read/featured-articles/emotional-ecology/the-way-of-the-sly-man

आज तक का समाज दुख से भरा हुआ समाज है, उसकी ईंट ही दुख की है, उसकी बुनियाद ही दुख की है। और जब दुखी समाज होगा तो समाज में हिंसा होगी, क्योंकि दुखी आदमी हिंसा करेगा। और जब समाज दुखी होगा और जीवन दुखी होगा तो आदमी क्रोधी होगा, दुखी ...

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समाज - iChowk

www.ichowk.in

'Stalker' के लिए हिंदी शब्द न होना खतरनाक है · 'stalker' (स्टॉकर) के लिए हिंदी में शब्‍द नहीं है तो क्या यह मान लिया जाए कि इस बारे में हमारे समाज ने कभी सोचा ही नहीं. समाज | 7-मिनट में पढ़ें. जान लीजिए, इन 5 में से कोई आपके पीछे तो नहीं पड़ा है.

कुमार अंबुज :: :: :: जैसा समाज होगा वैसा परिवार :: निबंध

www.hindisamay.com

जैसा समाज होगा वैसा परिवार पूँजीवादी समाज में परिवार का स्वरूप. हम जानते हैं कि जब समाज अपनी प्रारंभिक अवस्था में था तो परिवार की शुरुआती अवधारणाएँ और परिणतियाँ अपने मूल व्यवहार में तमाम आडंबरों से रहित थीं। उनमें खुलापन, आजादी और ...

समाज कल्याण — विकासपीडिया

hi.vikaspedia.in

भारतीय संविधान की मुख्य विशेषता एक कल्याणकारी राज्य की स्थापना करना है। सविंधान की प्रस्तावना और राज्य के नीति निर्देशक तत्वों से यह स्पष्ट है कि हमारा लक्ष्य सामाजिक कल्याण है। प्रस्तावना भारतीय लोगों के लिए सामाजिक, आर्थिक ...